अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति, हिमाचल प्रदेश जिला कमेटी कुल्लू ने सोलन में युवती के साथ हुए यौन उत्पीड़न और दुष्कर्म के मामले की कड़े शब्दों में निंदा की है। समिति की जिला अध्यक्ष ममता नेगी ने कहा कि दोषी को कानून के तहत कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए और मामले की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि यह घटना हिमाचल प्रदेश जैसे शिक्षित राज्य के लिए शर्मसार करने वाली है। इलाज के बहाने किसी डॉक्टर द्वारा मरीज़ के साथ इस तरह का कृत्य न केवल मानवता को ठेस पहुँचाता है, बल्कि डॉक्टर जैसे सम्मानित पेशे को भी बदनाम करता है। उन्होंने मांग की कि दोषी डॉक्टर के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाए और यदि वह इलाज के नाम पर कोई निजी धंधा चला रहा है तो उस पर तुरंत रोक लगाई जाए।
ममता नेगी ने कहा कि प्रदेश में पिछले कुछ समय से महिला व दलित उत्पीड़न के मामलों में तेजी आई है। उन्होंने कुल्लू जिला के सैंज क्षेत्र में हाल ही में दलित महिला के साथ गैंगरेप और हत्या के मामले का भी जिक्र किया और कहा कि सरकार महिलाओं की सुरक्षा को लेकर केवल बयानबाजी कर रही है, जबकि जमीनी स्तर पर ठोस कदमों की कमी है।
महिला समिति की जिला सचिव चन्द्रकान्ता ने कहा कि कई मामलों में पुलिस कार्रवाई में देरी होती है, जिससे अपराधियों के हौसले बुलंद होते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि वह महिला हिंसा के मामलों में त्वरित न्याय प्रणाली को सशक्त बनाए ताकि दोषियों को समय पर सजा मिल सके और समाज में भय का माहौल बन सके।
जनवादी महिला समिति ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि महिलाओं के साथ बढ़ती हिंसा और उत्पीड़न की घटनाओं पर तुरंत रोक लगाने के ठोस उपाय किए जाएं।
