डी. पी. रावत
29अक्टूबर 2025
किसान सभा और सेब उत्पादक संघ आनी–निरमंड ने बुधवार को लुहरी में बनमंडलाधिकारी (डीएफओ) कार्यालय का घेराव किया और सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। किसान-बागबानों ने पहले लुहरी बाजार में रैली निकाली और उसके बाद डीएफओ कार्यालय पहुंचकर रोष जताया।
सभा और संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकारें किसानों-बागबानों के हितों की अनदेखी कर रही हैं। दोनों ही सरकारें दिखावा कर रही हैं और किसान विरोधी नीतियां अपना रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जमीन की बेदखली, घरों में तालाबंदी और मकानों को गिराना गरीब किसानों की हत्या के समान है।
सभा के महासचिव देवकीनंदन ने कहा कि आपदा के इस दौर में सरकारें राहत देने के बजाय संकट को और बढ़ा रही हैं। पुनर्वास और पुनर्स्थापना के नाम पर केवल ढोंग किया जा रहा है।
राकेश सिंघा ने चेतावनी दी कि यदि बंसीलाल की हैलनैंट को वापस नहीं किया गया, तो किसान सभा लुहरी में दिन-रात का मोर्चा लगाएगी।
किसान सभा और सेब उत्पादक संघ ने घोषणा की कि इस माह आनी और निरमंड में अधिवेशन आयोजित कर आगे की संघर्ष रूपरेखा तैयार की जाएगी।
घेराव में किसान सभा के जिला महासचिव देवकीनंदन, जिला परिषद सदस्य पूर्ण ठाकुर, प्रताप ठाकुर, मिलाप, बिक्रम, तुलाराम, रंजीत, दलीप, रमेश, विजय, हेमराज, हरबिंदर, दुर्गा चांद, बिबेक समेत सैंकड़ों किसान-बागबान मौजूद रहे।
इस मौके पर सीटू जिला सचिव कुल्लू व आनी संयोजक पदम प्रभाकर भी किसानों के समर्थन में उपस्थित रहे।



