सीजन की दूसरी बर्फबारी से किसानों-बागवानों को राहत, धूप निकलते ही चांदी-सी चमकीं पहाड़ियां
परस राम भारती
तीर्थन घाटी/गुशैनी (बंजार)
जिला कुल्लू के उपमंडल बंजार की तीर्थन घाटी सहित ऊंचाई वाले क्षेत्रों में इस मौसम की दूसरी बारिश और बर्फबारी दर्ज की गई। बीती रात से शुरू हुई बर्फबारी आज सुबह तक जारी रही। इस दौरान तीर्थन टॉप, जलोड़ी दर्रा, वशलेउ दर्रा, सकीर्ण कंडा, देवकांडा, बुंगा टॉप, रंगथर थाच और लामभरी जोत सहित कई ऊंची चोटियों पर अच्छी बर्फबारी हुई।
इसके अलावा ऊंचाई वाले गांवों सरची, जमाला, शिल्ली, गरुली, मशियार, कमेड़ा, घलिंगचा, सरूट, घलीयाड़, चिपनी, डिंगचा, नाहीं, घाट, लाकचा, पेखड़ी, बशीर, शिरीकोट और शपनील सहित आसपास के क्षेत्रों में भी बर्फबारी दर्ज की गई। जानकारी के अनुसार ऊंचाई वाले इलाकों में करीब दो फुट तक, जबकि निचले क्षेत्रों में लगभग दो इंच बर्फ गिरी है।
लंबे इंतजार के बाद हुई इस सीजन की दूसरी बारिश और बर्फबारी से सूखे की मार झेल रहे किसानों और बागवानों को बड़ी राहत मिली है। हालांकि लगातार बारिश और हिमपात के चलते बंजार-सराज क्षेत्र शीत लहर की चपेट में आ गया है।
दूरदराज ग्राम पंचायत मशियार के पूर्व उपप्रधान प्रकाश ठाकुर ने बताया कि दूसरी बर्फबारी से खेती और बागवानी के लिए पर्याप्त नमी मिली है। उन्होंने कहा कि गुशैनी से आगे बठाहड़ क्षेत्र की सभी लिंक सड़कें बर्फ के कारण यातायात के लिए बंद हो गई हैं। वहीं, मशियार क्षेत्र में पिछले दो दिनों से बिजली आपूर्ति बाधित रहने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बर्फबारी के बाद मौसम साफ होने और धूप खिलने पर बर्फ की सफेद चादर ओढ़े तीर्थन घाटी के पहाड़ चांदी की तरह चमक उठे। बदलता प्राकृतिक नजारा बेहद मनोहारी दिखाई दिया। हालांकि घाटी में इन दिनों पर्यटकों की संख्या कम है, लेकिन जो पर्यटक मौजूद हैं, वे बर्फबारी का आनंद उठा रहे हैं।
उधर, खराब मौसम को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियातन कदम उठाए हैं। विद्यार्थियों की सुरक्षा के मद्देनज़र उपमंडल बंजार, कुल्लू और मनाली में सभी सरकारी और निजी शिक्षण संस्थानों—स्कूल, आंगनवाड़ी केंद्र, महाविद्यालय, आईटीआई, पॉलिटेक्निक तथा इंजीनियरिंग और फार्मेसी कॉलेज—को आज भी बंद रखने के निर्देश जारी किए गए हैं।



