समता सैनिक दल ने पंजाब सरकार से बुध पूर्णिमा की राजपत्रित छुट्टी की मांग और जनगणना पर की चर्चा। - अखण्ड भारत दर्पण (ABD) न्यूज़

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    Tuesday, June 9, 2026

    समता सैनिक दल ने पंजाब सरकार से बुध पूर्णिमा की राजपत्रित छुट्टी की मांग और जनगणना पर की चर्चा।

    अखण्ड भारत दर्पण (ABD) न्यूज पंजाब/जालंधर (कमल जीत शीमार ऑनलाइन डेस्क ब्यूरो) : बाबा साहेब डॉ. अंबेडकर द्वारा ऑल इंडिया समता सैनिक दल (रजिस्टर्ड) की स्थापना 13 मार्च 1927 को हुई थी। पंजाब यूनिट के सेक्रेटरी सनी थापर ने एक प्रेस रिलीज़ में बताया है कि हाल ही में दल की पंजाब यूनिट ने देश भगत यादगार हॉल, जालंधर में 'भारत में चल रही जनगणना और बुद्ध पूर्णिमा को पंजाब में गजटेड छुट्टी बनाने' टॉपिक पर एक चर्चा की थी। 
    चर्चा की अध्यक्षता दल के स्टेट प्रेसिडेंट एडवोकेट कुलदीप भट्टी ने की और मुख्य स्पीकर रमेश सिद्धू (एडिटर बौद्ध धर्म प्रचारक) होशियारपुर; द्वारका भारती (जाने-माने बुद्धिजीवी) होशियारपुर और एडवोकेट चरणजीत पुवारी (जाने-माने अंबेडकरवादी ) फिल्लौर थे।
    रमेश सिद्धू ने पंजाब में बौद्ध धर्म फैलाने के अपने अनुभव शेयर करते हुए कहा कि हमें देश में चल रही जनगणना के दौरान दलित कम्युनिटी को अपना धर्म बौद्ध के तौर पर रजिस्टर करवाने के लिए मोटिवेट करना चाहिए। 
    द्वारका भारती ने बोलते हुए कहा कि हमें बाबा साहेब डॉ. अंबेडकर की तर्कवादी सोच को अपनाना चाहिए और अपने अंदर पीढ़ी दर पीढ़ी चली आ रही अंधविश्वासी सोच को पूरी तरह से त्याग देना चाहिए और देश में चल रही जनगणना के दौरान खुद को बौद्ध के तौर पर रजिस्टर करवाना चाहिए। 
    एडवोकेट चरणजीत पुवारी ने जनगणना पर बहुत गंभीरता से रोशनी डालते हुए दलित समुदाय को जातियों में फंसने के नुकसान और बौद्ध के तौर पर अपना धर्म रजिस्टर करवाने के फायदों के बारे में बताया और बताया कि यह जनगणना भारत सरकार द्वारा संविधान के अनुषेद 246 और जनगणना एक्ट 1948 के तहत की जा रही है। 
    दल की सेंट्रल एग्जीक्यूटिव कमेटी के सदस्य वरिंदर कुमार ने दल की पंजाब यूनिट की तरफ से मौजूद मिशनरी साथियों के सामने ये प्रस्ताव रखते हुए कहा कि दल की पंजाब यूनिट बुद्ध पूर्णिमा को पंजाब में गजट छुट्टी बनाने की हर मुमकिन कोशिश करेगी और दल की पंजाब यूनिट दलित समुदाय को उनके हकों के बारे में जागरूक करती रहेगी और अंबेडकर समुदाय से बौद्ध कल्चर अपनाने की भी अपील की। 
    इसके अलावा उन्होंने कहा कि दल की पंजाब यूनिट अपने समाज के महान पिता बाबा साहेब डॉ. अंबेडकर के सामाजिक संघर्षों का सम्मान करते हुए तथागत बुद्ध के दिखाए रास्ते पर चलेगी और उनके विचारों को वैचारिक रूप से देश में फैलाने की कोशिश करेगी। 
    इन प्रस्तावों को सर्वसम्मति से पास किया गया। अपने अध्यक्षीय भाषण के दौरान एडवोकेट कुलदीप भट्टी ने देश में चल रही जनगणना पर भी रोशनी डाली और ऑनलाइन जनगणना फॉर्म के बारे में जानकारी दी और उक्त फॉर्म के कॉलम नंबर 13 के बारे में बताया कि जनगणना फॉर्म के इस कॉलम में तीन ऑप्शन दिए गए हैं। पहला SC. दूसरा ST. और तीसरा अन्य और SC समाज से कहा गया कि कृपया इसे ध्यान से भरें और उन्हें पहला ऑप्शन चुनने के बारे में बताएं। उन्होंने इस चर्चा में शामिल बौद्ध और अंबेडकरवादी संगठनों और मिशनरी दोस्तों का धन्यवाद किया। 
    इनके अलावा, सर्वश्री डॉ. अशोक सहोता (सूबा प्रेसिडेंट बामसेफ पंजाब), हुसन लाल बोध, इंकलाब संगर, केवल बत्रा, शिंदर पाल चमेली (फरीदकोट), कलवंत सिंह रंधावा (अमृतसर), अरविंद कश्यप (कपूरथला), जसविंदर वरियाना, विनोद कांबली (पुणे), इज. जीत सिंह (प्रेसिडेंट बी. एस. एन. एस. नई दिल्ली), बलविंदर ढांडा, एस. के. सुनेत, डी. आर. अदिया ने भी अपने विचार रखे। हरसिमरन कौर भट्टी ने एक मिशनरी और सोशल कविता पेश करके सबका मन मोह लिया। पार्टी की पंजाब यूनिट के सेक्रेटरी सनी थापर ने स्टेज का अच्छा संचालन किया। 

    इस मौके पर सर्व अरविंद कुमार (प्रेसिडेंट बैकवर्ड क्लासेस जूनियर रेल कोच फैक्ट्री कपूरथला), राज कुमार साकी, एम. आर. सल्लन, राजिंदर कुमार जस्सल, राजेश विरदी, चरणजीत सिंह (रिटायर्ड इनकम टैक्स), उम प्रकाश (रिटायर्ड SBI), कैप्टन प्रेम सिंह भट्टी (अमृतसर), आदित्य चौहान, जगदीश राय और राजरानी (प्रेसिडेंट सेंट्रल वाल्मीकि सभा UK), चमन लाल, आशीष कुमार, चंचल बोध, सुरिंदर कौर, हरभजन निमतान, एडवोकेट दर्शन सिंह (पूर्व जज, कंज्यूमर कोर्ट), मंगत राम और पवन कुमार (वरयाणा), जागीर सिंह सभरवाल, धड्डा साहिब (ऑस्ट्रिया) राजिंदर बिट्टू, कुलविंदर कुमार बिट्टू (नूर माहिल), एडवोकेट मानसी, एडवोकेट दादरा, ममता रानी, कुलदीप कुमार (सियानीवाल), हरजिंदर सिंह भट्टी (सियानीवाल) खास तौर पर शामिल हुए।

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